नींबू व मीठे जल की छबील लगाकर राहगीरों की बुझाई प्यास:एसीपी पंकज कुमार
पुलिस ने पेश की मिसाल:सैक्टर 58 थाने में लगाई मीठे पानी की छबील
फरीदाबाद: 03 जून।
फरीदाबाद सेक्टर 58 थाना प्रभारी विनोद कुमार व मुजेसर एसीपी पंकज कुमार का मीठा पेयजल आयोजन दौरान ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन टीम के पत्रकार बंधुओ ने फूलों का गुलदस्ता भेंट करते हुए स्वागत किया और उक्त सेवा के लिए थाना टीम की प्रशंसा की।
आपको बता दें कि गर्मी के मौसम में राहगीरों को पानी पिलाने की परंपरा काफी पुराने समय से है। वहीं उसम भरी गर्मी के कारण आम आदमी परेशान हो गया है। फरीदाबाद के सैक्टर 58 सि्थत थाने में पुलिस टीम व ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के सदस्यों ने राहगीरों को गर्मी से राहत देने के लिए नींबू व मीठे पानी की छबील लगाई।
आपको बता दे कि भीषण गर्मी और चिलचिलाती धूप में राहगीरों की प्यास बुझाने के लिए मीठे पानी की छबील (प्याऊ) लगाना एक अत्यंत पुण्य एवं सेवा का कार्य माना जाता है। इसी सेवा भाव के तहत थाना सैक्टर 58 जेसीबी चौक के पास पुलिस थाने में ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के सदस्यों व एसीपी मुजेसर की अगुवाई में ठंडे मीठे पानी की छबील लगाई गई। बुधवार सुबह शुरू हुई इस सेवा में दर्जनों सेवादारों ने दिनभर हाईवे से गुजरने वाले वाहनों को रोककर राहगीरों को ठंडा व मीठा पानी पिलाया,जिसमें सैकड़ों लोगों की प्यास बुझाई गई।
एसीपी पंकज कुमार ने कहा कि ज्येष्ठ माह की भीषण गर्मी में प्यासे को पानी पिलाना उसे नया जीवन देने के समान है। उन्होंने बताया कि एक दशक पूर्व ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाएं चौपालों और बैठकों में पूरे ज्येष्ठ माह नए मिट्टी के घड़ों में पानी भरकर रखती थीं, ताकि राहगीरों को पानी पिलाकर पुण्य अर्जित किया जा सके।
थाना प्रभारी विनोद कुमार ने कहा कि गर्मी के मौसम में लोगों को जगह-जगह प्याऊ लगानी चाहिए। साथ ही जीव जंतुओं के लिए पानी की व्यवस्था करनी चाहिए। गर्मी के मौसम में यदि किसी व्यक्ति को ठंडे पानी की बूंद भी मिल जाए तो वह अमृत समान लगती है। एक मनुष्य को अपनी मेहनत की कमाई में से कुछ पैसा धर्म के कार्यों में अवश्य लगाना चाहिए। इसके साथ-साथ बेजुबान पशु पक्षियों के लिए पानी की व्यवस्था करनी चाहिए।
इस मौके पर ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन हरियाणा अध्यक्ष सुनील कुमार जांगड़ा ने कहा कि गर्मी के मौसम में राहगीरों को पानी पिलाना हमारे शास्त्रों के अनुसार सबसे बड़ा पुण्य कार्य माना गया है। उन्होंने कहा कि देश की प्राचीन परंपराओं में प्यासे को पानी पिलाना धर्म, कर्म और मानव सेवा का प्रतीक रहा है। इस भीषण गर्मी में प्यासे को पानी पिलाना विशेष पुण्य का कार्य माना जाता है।
जिलाध्यक्ष पंकज अरोड़ा ने कहा कि प्राचीन समय से ही लोग प्याऊ लगाकर राहगीरों की प्यास बुझाते आए हैं। आधुनिक समय में विज्ञान और तकनीक के विकास के साथ अब लोग फ्रिज व वाटर कूलर लगाकर भी सेवा कार्य कर रहे हैं। वहीं भीषण गर्मी में जगह-जगह मीठे पानी की छबील लगाकर लोगों को राहत पहुंचाई जा रही है। उन्होंने लोगों से आह्वान किया कि वे केवल मनुष्यों ही नहीं बल्कि बेजुबान पशु-पक्षियों के लिए भी अपने घरों, छतों और सुनसान स्थानों पर मिट्टी के बर्तन या सिकोरे रखकर पानी की व्यवस्था करें। उन्होंने कहा कि जीव-जंतुओं की प्यास बुझाना भी बड़ा पुण्य कार्य है
इस अवसर पर उप निरीक्षक अजय,सहायक उप निरीक्षक नेत्रपाल,सहायक उप निरीक्षक राकेश,हवलदार विष्णु हवलदार तिलक राज के अलावा यातायात पुलिस से एच जी एच रणवीर, बुधराम सिंह,ओमप्रकाश,धनसिंह सहित ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन टीम के पत्रकार बंधुओ में डॉ महेंद्र शर्मा, गोपाल शर्मा, वेद प्रकाश, शमीम अहमद, पंकज अरोड़ा, वंदना, बीना स्वामी, सतेंद्र मित्तल व श्रमदाता शिवम गुर्जर शामिल थे।
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